Homeस्पोर्ट्सBCCI का ऐतिहासिक फैसला: अब घरेलू क्रिकेट में महिलाओं को भी मिलेगी...

BCCI का ऐतिहासिक फैसला: अब घरेलू क्रिकेट में महिलाओं को भी मिलेगी पुरुषों के बराबर मैच फीस

और पढ़ें

Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 14 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

Women Cricketer Fees Increase: भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड (BCCI) ने महिला क्रिकेट के विकास और समानता की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया है।

बोर्ड ने घरेलू स्तर पर खेलने वाली महिला क्रिकेटर्स की मैच फीस में भारी बढ़ोतरी करते हुए इसे पुरुष खिलाड़ियों के बराबर कर दिया है।

यह फैसला 22 दिसंबर को हुई BCCI की ऑनलाइन बैठक में लिया गया।

क्या है नया फीस स्ट्रक्चर?

इस नए फैसले के तहत, अब घरेलू फर्स्ट-क्लास और एक दिवसीय (वनडे) मैचों में खेलने वाली महिला खिलाड़ी को प्रति मैच 50,000 रुपए मिलेंगे।

अगर कोई खिलाड़ी मैच के लिए चुनी गई प्लेइंग-11 का हिस्सा नहीं है, लेकिन स्क्वाड में शामिल है, तो उसे 25,000 रुपए मिलेंगे।

वहीं, टी-20 मैच में खेलने पर 25,000 रुपए और बेंच पर बैठने वाली खिलाड़ी को 12,500 रुपए मिलेंगे।

पहले और अब में कितना अंतर है?

यह बढ़ोतरी काफी महत्वपूर्ण है।

इससे पहले, महिला खिलाड़ियों को एक मैच (चाहे वह फर्स्ट-क्लास, वनडे हो या टी-20) में प्लेइंग-11 का हिस्सा बनने पर केवल 20,000 रुपए ही मिलते थे।

बेंच पर बैठने वाली खिलाड़ी को 10,000 रुपए मिलते थे।

इस तरह, नई व्यवस्था में खिलाड़ियों की आय में 150% तक का इजाफा हुआ है।

जूनियर खिलाड़ियों को भी फायदा

BCCI ने सिर्फ सीनियर महिला खिलाड़ियों ही नहीं, बल्कि राज्य और जोनल स्तर पर खेलने वाली जूनियर महिला क्रिकेटर्स की फीस भी बढ़ा दी है।

उन्हें अब वनडे या फर्स्ट-क्लास में 25,000 रुपए और टी-20 में 12,500 रुपए मिलेंगे।

खिलाड़ियों की सालाना कमाई पर प्रभाव

इस बदलाव का सीधा फायदा खिलाड़ियों की सालाना आय पर दिखेगा।

BCCI के मुताबिक, पहले एक महिला खिलाड़ी को पूरा घरेलू सीजन खेलने पर करीब 2 लाख रुपए मिलते थे।

अब सिर्फ 4 वनडे मैच खेलकर ही वह यह रकम कमा सकती है।

एक पूरा सीजन खेलने पर अब एक खिलाड़ी की कमाई 5 से 7 लाख रुपए तक पहुंचने का अनुमान है।

अंपायरों और रेफरी को भी लाभ

महिला खिलाड़ियों के साथ-साथ, BCCI ने मैच रेफरी और अंपायरों की फीस भी बढ़ाने का फैसला किया है।

लीग स्टेज के मैचों में अंपायरिंग के लिए अब 40,000 रुपए प्रतिदिन मिलेंगे, जबकि नॉकआउट मैचों में यह फीस 50,000 से 60,000 रुपए तक होगी।

यह फैसला भारतीय महिला क्रिकेट के लिए एक मजबूत आधार तैयार करेगा।

इससे न केवल युवा लड़कियों को क्रिकेट को करियर के रूप में अपनाने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा, बल्कि मौजूदा खिलाड़ियों को भी आर्थिक रूप से सुरक्षित और स्थिर माहौल मिलेगा।

- Advertisement -spot_img