HomeTrending Newsअजित पवार का प्लेन उड़ा रही 25 साल की शांभवी पाठक का...

अजित पवार का प्लेन उड़ा रही 25 साल की शांभवी पाठक का भी निधन, MP से था खास कनेक्शन

और पढ़ें

Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 14 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

Who is Shambhavi Pathak: महाराष्ट्र के बारामती में हुए प्लेन क्रैश में डिप्टी सीएम अजित पवार समेत 5 लोगों की मौत हो गई है।

इस हादसे ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया।

इस हादसे में 25 साल की होनहार पायलट, कैप्टन शांभवी पाठक का भी निधन हो गया है, जिनका मध्य प्रदेश से पुराना रिश्ता रहा है।

आइए जानते हैं कौन थीं ये जांबाज पायलट…

ग्वालियर से था गहरा नाता

शांभवी पाठक का मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर से बहुत खास रिश्ता था।

उनके पिता, विक्रम पाठक, भारतीय वायुसेना (IAF) में स्क्वाड्रन लीडर के पद पर तैनात थे।

पिता की पोस्टिंग के दौरान शांभवी ने अपना बचपन ग्वालियर के एयरफोर्स कैंपस में बिताया।

उन्होंने साल 2016 से 2018 के बीच ‘एयरफोर्स नंबर-1 स्कूल’ से अपनी स्कूली शिक्षा पूरी की।

Ajit Pawar Plane Crash News, Shambhavi Pathak Pilot, Baramati Aircraft Accident, Gwalior Air Force School No 1, Madhya Pradesh Flying Club, Shambhavi Pathak Biography

स्कूल के दिनों से ही सफेद वर्दी और नीले आसमान के प्रति उनका आकर्षण साफ दिखता था।

ग्वालियर के इसी स्कूल की चहारदीवारी के भीतर उन्होंने पहली बार पायलट बनने का सपना देखा था।

उनके सहपाठी बताते हैं कि वह हमेशा से ही साहसी और लक्ष्य के प्रति समर्पित थीं।

शिक्षा और करियर 

2018 में इंटरमीडिएट पास करने के बाद, शांभवी ने मुंबई का रुख किया।

उन्होंने मुंबई यूनिवर्सिटी से ‘एयरोनॉटिक्स, एविएशन और एयरोस्पेस साइंस’ में बीएससी (B.Sc) की डिग्री हासिल की।

अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद वह रुकी नहीं और कमर्शियल पायलट की ट्रेनिंग के लिए ‘न्यूजीलैंड इंटरनेशनल कमर्शियल पायलट अकादमी’ चली गईं।

Ajit Pawar Plane Crash News, Shambhavi Pathak Pilot, Baramati Aircraft Accident, Gwalior Air Force School No 1, Madhya Pradesh Flying Club, Shambhavi Pathak Biography

शांभवी केवल खुद उड़ान नहीं भरना चाहती थीं, बल्कि वह दूसरों को भी सिखाना चाहती थीं।

यही कारण था कि वह ‘मध्य प्रदेश फ्लाइंग क्लब’ में असिस्टेंट फ्लाइट इंस्ट्रक्टर के रूप में काम कर रही थीं।

उनके पास फ्लाइट इंस्ट्रक्टर रेटिंग (A) थी, जो उनकी काबिलियत का प्रमाण है।

हादसे की मनहूस सुबह

जानकारी के अनुसार, यह हादसा सुबह करीब 8:45 से 9:15 बजे के बीच हुआ।

विमान मुंबई से बारामती की ओर जा रहा था।

जब विमान रनवे पर लैंड करने ही वाला था, तभी अचानक तकनीकी खराबी आ गई।

Ajit Pawar Plane Crash News, Shambhavi Pathak Pilot, Baramati Aircraft Accident, Gwalior Air Force School No 1, Madhya Pradesh Flying Club, Shambhavi Pathak Biography

प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि विमान लैंड होने के बजाय पास के एक खेत में जा गिरा।

विमान के जमीन से टकराते ही उसमें जोरदार धमाके हुए और वह आग के गोले में तब्दील हो गया।

ब्लैक बॉक्स और अन्य तकनीकी सबूतों के आधार पर बताया जा रहा है कि क्रैश से ठीक पहले शांभवी के आखिरी शब्द “ओह शिट… ओह शिट” थे, जो उस भयानक पल और अचानक आई तकनीकी खराबी की ओर इशारा करते हैं।

परिवार में शोक की लहर

शांभवी का परिवार वर्तमान में दिल्ली में रहता है, जबकि उनका ननिहाल उत्तर प्रदेश के कानपुर में है।

उनके पिता रिटायरमेंट के बाद इंडिगो एयरलाइंस में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

शांभवी के छोटे भाई वरुण और मां रोली शुक्ला पाठक के लिए यह अपूरणीय क्षति है।

पिछले साल ही वह अपने स्कूल के एलुमिनाई ग्रुप से जुड़ी थीं, जहां उन्होंने अपने पिता और अपने करियर के बारे में बातें साझा की थीं।

किसी को नहीं पता था कि वह यादें इतनी जल्दी आखिरी बन जाएंगी।

जांच के घेरे में हादसा

इस भीषण दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।

दिल्ली से ‘एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो’ (AAIB) की एक विशेष टीम बारामती पहुंच चुकी है।

यह टीम फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर (FDR) और मलबे की जांच करेगी ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या यह हादसा इंजन फेल होने की वजह से हुआ या किसी अन्य तकनीकी खराबी के कारण।

Ajit Pawar Plane Crash News, Shambhavi Pathak Pilot, Baramati Aircraft Accident, Gwalior Air Force School No 1, Madhya Pradesh Flying Club, Shambhavi Pathak Biography

शांभवी पाठक जैसी युवा पायलट का जाना विमानन जगत के लिए एक बड़ा नुकसान है।

उन्होंने अपनी छोटी सी उम्र में जो मुकाम हासिल किया, वह ग्वालियर और देश की बेटियों के लिए हमेशा प्रेरणा बना रहेगा।

ये खबर भी पढ़ें-

अजित पवार, संजय गांधी से माधवराव सिंधिया तक, इन 9 नेताओं ने भी हवाई दुर्घटनाओं में गंवाई जान

PM मोदी, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से प्रियंका गांधी तक, अजित पवार के निधन पर किसने क्या कहा?

- Advertisement -spot_img