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मध्य प्रदेश में मूसलाधार बारिश के बाद नदियां उफान पर – सड़कों पर भरा पानी, बैतूल में दर्दनाक हादसा

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Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 14 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

Heavy rainfall alert: देशभर में इस समय मानसून की वजह से झमाझम बारिश का दौर चल रहा है।

कई राज्यों में नदियां उफान पर हैं, तो कहीं सड़कें तालाब बन चुकी हैं।

भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने गुरुवार को राजस्थान सहित देश के 16 राज्यों में भारी बारिश को ध्यान में रखते हुए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है।

वहीं मध्य महाराष्ट्र, मराठवाड़ा, विदर्भ और तेलंगाना के कुछ हिस्सों में हालात ज्यादा गंभीर हैं, जिसके चलते वहां ‘रेड अलर्ट’ घोषित किया गया है।

रेड अलर्ट का सीधा मतलब यह होता है कि वहां 24 घंटे के भीतर 204 मिलीमीटर से भी ज्यादा बारिश हो सकती है।

पहाड़ों पर आफत: लैंडस्लाइड से रास्ते बंद, केदारनाथ यात्रा रुकी

उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर जैसे पहाड़ी इलाकों में बारिश लोगों के लिए मुसीबत बनकर आई है।

उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में गौरीकुंड के पास अचानक ज़मीन खिसकने (लैंडस्लाइड) के कारण केदारनाथ यात्रा को लगातार तीसरे दिन रोकना पड़ा है।

श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।

इधर हरिद्वार में गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है और यह खतरे के निशान के बेहद करीब पहुंच गया है।

गंगा में जल भरने आए एक कांवड़िया तेज बहाव में बहने लगा, जिसे वहां तैनात SDRF की टीम ने ऐन मौके पर सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

दूसरी ओर, जम्मू-कश्मीर के राजौरी इलाके में कारगिल-लेह नेशनल हाईवे पर बड़ा लैंडस्लाइड हुआ है, जिसकी वजह से सड़कों पर गाड़ियों का आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया है।

मध्य प्रदेश: सड़कों पर भरा पानी, बैतूल में दर्दनाक हादसा

मध्य प्रदेश में इस समय तीन अलग-अलग मौसमी सिस्टम एक साथ सक्रिय हैं।

इस वजह से राज्य के ज्यादातर हिस्सों में लगातार बारिश हो रही है।

राजधानी भोपाल और रतलाम में मूसलाधार बारिश के चलते निचले इलाकों और सड़कों पर कई फीट पानी भर गया है।

इसके अलावा उज्जैन, इटारसी, खंडवा, हरदा और खरगोन में भी बदरा जमकर बरसे हैं।

बारिश के बीच बैतूल जिले से एक दुखद खबर सामने आई है। वहां गंज थाना क्षेत्र में रेलवे की बाउंड्री वॉल अचानक पास बनी झोपड़ी पर गिर गई।

इस हादसे में झोपड़ी के अंदर सो रहे राहुल उइके (27 वर्ष) नाम के मजदूर की मौत हो गई, जबकि उनका एक साथी घायल हो गया।

अगर बारिश के आंकड़ों की बात करें तो बीते 24 घंटों में छिंदवाड़ा के हर्रई में सबसे ज्यादा 6 इंच के करीब पानी गिरा है।

पचमढ़ी में 5 इंच और बैतूल में 4 इंच से ज्यादा बारिश दर्ज की गई।

भिंड जिले में 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चली, वहीं इंदौर, जबलपुर, सागर, सीहोर और नर्मदापुरम में भी तेज हवाओं के साथ बारिश हुई।

एमपी में बारिश की कमी बरकरार:

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, लगातार हो रही बारिश के बावजूद मध्य प्रदेश में अब तक सामान्य से 16% कम बारिश हुई है।

राज्य में अब तक 14.1 इंच बारिश दर्ज की गई है, जबकि इस समय तक 16.9 इंच बारिश हो जानी चाहिए थी।

राज्य के 47 जिलों में अभी भी औसत से कम पानी गिरा है, जबकि भोपाल, देवास, इंदौर और सीहोर जैसे 8 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है।

उत्तर प्रदेश और पूर्वोत्तर भारत के हालात

उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में सरयू नदी के तेज बहाव से कटान शुरू हो गया है, जिससे नदी का पानी आसपास के गांवों में घुसने लगा है।

गोंडा में भी घाघरा नदी का जलस्तर उतार-चढ़ाव पर होने की वजह से कटान की समस्या बढ़ गई है।

पूर्वोत्तर राज्यों की बात करें तो असम और अरुणाचल प्रदेश में बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है।

असम में 11 दिन पहले आई भीषण बाढ़ के बाद भी लगभग 13 हजार परिवार अंधेरे में जीने को मजबूर हैं, क्योंकि उनके इलाकों में बिजली सप्लाई अभी तक बहाल नहीं हो पाई है।

मौसम विभाग ने असम, अरुणाचल, नागालैंड और मेघालय में 30 जुलाई से 1 अगस्त तक भारी बारिश और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है।

तेलंगाना में रेड अलर्ट, वर्क फ्रॉम होम की सलाह

तेलंगाना के 5 जिलों (आदिलाबाद, कुमराम भीम, मंचरियल, निर्मल और जगतियाल) में मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है।

यहां मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं की आशंका को देखते हुए साइबराबाद प्रशासन ने IT और अन्य कंपनियों को अपने कर्मचारियों को ‘वर्क फ्रॉम होम’ (घर से काम) देने की सलाह दी है।

आने वाले 2 दिनों में कैसा रहेगा मौसम?

 * 31 जुलाई का हाल:

जम्मू-कश्मीर, हिमाचल, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, गुजरात, राजस्थान, मध्य महाराष्ट्र और कर्नाटक में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट रहेगा।

विदर्भ के इलाकों में रेड अलर्ट जारी किया गया है।

वहीं दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, बिहार और पूर्वोत्तर के राज्यों में यलो अलर्ट रहेगा।

* 1 अगस्त का हाल:

1 अगस्त को गुजरात में भारी से अति भारी बारिश का रेड अलर्ट रहेगा।

पूर्वी राजस्थान, पश्चिमी मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और कोंकण क्षेत्र में ऑरेंज अलर्ट रहेगा, जबकि उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों और बिहार-झारखंड में हल्की से मध्यम बारिश के साथ यलो अलर्ट रहेगा।

प्रशासन ने सभी संवेदनशील और बाढ़ प्रभावित इलाकों के लोगों से सतर्क रहने और बेवजह सफर न करने की अपील की है।

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