MP Rain Hailstorm Alert: मध्य प्रदेश में इस वक्त मौसम के दो रंग देखने को मिल रहे हैं।
एक तरफ जहां पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी ने मैदानी इलाकों में ठंड बढ़ा दी है, वहीं दूसरी तरफ ‘वेस्टर्न डिस्टरबेंस’ (पश्चिमी विक्षोभ) की वजह से राज्य के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि और बिजली गिरने की घटनाएं सामने आ रही हैं।
इसी बीच शिवपुरी जिले से एक बुरी खबर सामने आई है, जहां आसमानी बिजली ने एक किसान की जान ले ली।
शिवपुरी में बिजली गिरने से किसान की मौत
शिवपुरी के अमोल थाना क्षेत्र के सिलानगर गांव में मंगलवार की सुबह एक किसान की मौत हो गई।
यहां 26 साल का किसान वीरसिंह आदिवासी अपने खेत पर बनी झोपड़ी में परिवार के साथ था।
अचानक गरज-चमक के साथ बिजली सीधे झोपड़ी पर गिरी और उसमें आग लग गई।
वीरसिंह की पत्नी ने अपने दो मासूम बच्चों को तो जलती झोपड़ी से बाहर निकाल लिया, लेकिन वह अपने पति को नहीं बचा सकी।
वीरसिंह की मौके पर ही झुलसने से मौत हो गई।
घंटों तक बेबस पत्नी और बच्चे शव के पास बैठकर रोते रहे, जिसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा।
ओलों की सफेद चादर और फसलों का नुकसान
ग्वालियर और मंदसौर में मंगलवार की सुबह किसी हिल स्टेशन जैसी नजर आई, लेकिन यह नजारा किसानों के लिए डराने वाला था।
मंदसौर के खजुरिया सारंग गांव में इतनी भीषण ओलावृष्टि हुई कि सड़कें और खेत सफेद चादर से ढंक गए।
ओले गिरने से सरसों और गेहूं की फसलों को भारी नुकसान की आशंका है। ग्वालियर में भी यही हाल रहा।
इसके अलावा भोपाल, भिंड, छतरपुर और राजगढ़ जैसे जिलों में भी रिमझिम बारिश ने ठंड बढ़ा दी है।
कोहरे का सितम: थमी रफ्तार
बारिश के साथ-साथ घने कोहरे ने भी जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है।
भोपाल और सीहोर में तो विजिबिलिटी (दृश्यता) महज 50 मीटर तक रह गई थी।
आलम यह था कि सड़कों पर गाड़ियां हेडलाइट जलाकर रेंगती नजर आईं।
कोहरे का सबसे ज्यादा असर रेलवे पर पड़ा है। दिल्ली से आने-जाने वाली कई ट्रेनें अपने तय समय से घंटों देरी से चल रही हैं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
- पंजाब मेल 3 घंटे
- शताब्दी एक्सप्रेस 1 घंटा 45 मिनट
- सचखंड एक्सप्रेस 1 घंटा 55 मिनट
- कर्नाटक एक्सप्रेस 2 घंटे 50 मिनट
- मालवा एक्सप्रेस 3 घंटे 30 मिनट
- डॉ. अंबेडकर नगर एसएफ एक्सप्रेस 2 घंटे 30 मिनट
अगले 3 दिन कैसे रहेंगे?
मौसम विभाग की मानें तो अभी राहत मिलने वाली नहीं है।
अगले तीन दिनों तक ग्वालियर, चंबल, और बुंदेलखंड के इलाकों (जैसे दतिया, भिंड, मुरैना, टीकमगढ़, निवाड़ी) में मध्यम से घना कोहरा छाया रहेगा।
5 और 6 फरवरी को एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है, जिससे बारिश का दौर दोबारा शुरू हो सकता है।
ठंड की एक और पारी बाकी है
विशेषज्ञों का कहना है कि जैसे ही यह बारिश और बादलों का सिस्टम हटेगा, उत्तर भारत की ठंडी हवाएं सीधे मध्य प्रदेश में प्रवेश करेंगी।
इससे रात और दिन के तापमान में भारी गिरावट आएगी और प्रदेश में कड़ाके की ठंड का एक और दौर देखने को मिलेगा।
फिलहाल फरवरी के शुरुआती दिनों में पारा 10 डिग्री से ऊपर है, लेकिन आने वाले दिनों में यह गिर सकता है।


