Homeन्यूज2003 की वोटर लिस्ट में नाम नहीं तो घबराएं न! इन दस्तावेजों...

2003 की वोटर लिस्ट में नाम नहीं तो घबराएं न! इन दस्तावेजों की मदद से SIR में दर्ज करें अपना नाम

और पढ़ें

Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 13 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

SIR 2003 Voter list: भारत निर्वाचन आयोग (Election Commission of India) देश भर में मतदाता सूचियों की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए एक विशेष अभियान चला रहा है, जिसे ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ या एसआईआर (Special Intensive Revision – SIR) कहा जा रहा है।

इसका मुख्य उद्देश्य डुप्लीकेट नामों को हटाना, मृत मतदाताओं के नाम काटना और नए पात्र मतदाताओं का नामांकन करना है।

यह प्रक्रिया विशेष रूप से उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश सहित 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में चल रही है।

इस अभियान में एक महत्वपूर्ण पहलू 2003 की मतदाता सूची को एक संदर्भ बिंदु यानी रेफरेंस के रूप में इस्तेमाल करना है।

ECI, SIR, voter list, special deep revision, Bihar elections 2025, bogus voting
SIR Across Country

ऐसे में कई मतदाताओं के मन में सवाल उठ रहा है: “अगर मेरा नाम 2003 की वोटर लिस्ट में नहीं है, तो क्या मेरा नाम नई सूची से हट जाएगा?”

जवाब है: बिल्कुल नहीं।

चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि 2003 की सूची एकमात्र स्वीकार्य प्रमाण नहीं है।

यदि आपका नाम उस सूची में नहीं है, तो आप अन्य वैकल्पिक दस्तावेज जमा करके अपना नाम दर्ज करा सकते हैं।

आइए, इस पूरी प्रक्रिया को समझते हैं…

SIR क्या है और यह क्यों जरूरी है?

एसआईआर एक विशेष ड्राइव है जिसके तहत बूथ स्तरीय अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाताओं की जानकारी को Verify और Update कर रहे हैं।

इसका लक्ष्य एक स्वच्छ और भ्रष्टाचार-मुक्त मतदाता सूची तैयार करना है, जैसा कि हाल ही में बिहार विधानसभा चुनाव से पहले किया गया था।

मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में यह कवायद 22 साल बाद हो रही है, जिससे इसकी महत्ता और बढ़ जाती है।

Bihar Voter List, SIR Draft, Voter List Check, ECI Voter Portal, Bihar Voter List Dispute, Election Commission, Voter List, Names Deleted, EC Bihar, 65 Lakh Voters, How to Check, ECI Portal, ECI Online, ECI Website
ECI

सबसे पहले, ऐसे चेक करें अपना नाम वोटर लिस्ट में

अपनी वर्तमान स्थिति जानने के लिए सबसे पहले यह जांच लें कि आपका नाम मतदाता सूची में है या नहीं।

  1. भारत निर्वाचन आयोग की ऑफिशियल वेबसाइट https://voters.eci.gov.in पर जाएं।
  2. अपना राज्य, जिला, विधानसभा क्षेत्र चुनें और अपनी डिटेल्स (नाम, पिता/माता का नाम, उम्र आदि) डालकर खोजें।
  3. अगर नाम मिल जाता है, तो अपना भाग संख्या (Part Number), क्रम संख्या (Serial Number) और अन्य विवरण नोट कर लें।
  4. अगर नाम नहीं मिलता है या आपको लगता है कि जानकारी गलत है, तो आप सीधे अपने क्षेत्र के बीएलओ (BLO) या निर्वाचन पंजीयन अधिकारी (ERO) से संपर्क कर सकते हैं। उनका संपर्क नंबर भी ईसीआई की वेबसाइट पर उपलब्ध है।

2003 की लिस्ट में नाम न होने पर क्या करें? ये हैं वैकल्पिक दस्तावेज

यह इस खबर का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है। यदि आपका नाम 2003 की मतदाता सूची में नहीं है, तो आपको अपने वर्तमान निवास और पहचान साबित करने के लिए निम्नलिखित में से कोई एक दस्तावेज जमा करना होगा। इन दस्तावेजों को चुनाव आयोग द्वारा स्वीकार किया गया है:

  1. पुराना मतदाता पहचान पत्र: 1 जनवरी 1987 से लेकर 1 सितंबर 2002 के बीच जारी किया गया कोई भी पुराना वोटर आईडी कार्ड।
  2. सरकारी निवास प्रमाण: राज्य/केंद्र सरकार या सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम (PSU) द्वारा जारी कोई भी निवास प्रमाण पत्र।
  3. संपत्ति संबंधी दस्तावेज: जमीन का वैध पट्टा (Lease Deed), स्वामित्व का दस्तावेज (Registry) या किराए का एग्रीमेंट।
  4. बैंक/पोस्ट ऑफिस बचत पासबुक: जिस पर आपका वर्तमान पता清清楚楚 लिखा हो।
  5. शैक्षणिक प्रमाण पत्र: किसी मान्यता प्राप्त शैक्षणिक संस्थान द्वारा 1 सितंबर, 2002 से पहले जारी किया गया मार्कशीट या प्रमाण पत्र।
  6. अन्य सरकारी दस्तावेज: राशन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट।
  7. अन्य प्रमाण: कोई भी ऐसा दस्तावेज जो किसी सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी किया गया हो और आपके निरंतर निवास को दर्शाता हो।

ध्यान रखें: आमतौर पर इनमें से केवल एक दस्तावेज की ही आवश्यकता होती है।

Election Commission e sign, What Is E-Sign Feature, Election Commission, ECInet portal, Aland voter list dispute, voter list security, E-Sign Feature

 

मध्य प्रदेश के लिए विशेष नियम: पिता का नाम हो तो कम दस्तावेज

मध्य प्रदेश में एसआईआर प्रक्रिया को लेकर कुछ विशेष दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं:

  • यदि आपका नाम 2003 की सूची में है: आपको किसी भी दस्तावेज की जरूरत नहीं है। आपको केवल बीएलओ द्वारा दिए गए फॉर्म पर अपनी जानकारी की पुष्टि करके और गणना प्रपत्र (Enumeration Form) भरकर जमा करना है।
  • यदि आपके माता या पिता का नाम 2003 की सूची में है: भले ही आपका जन्म 1987 के पहले या बाद में हुआ हो, आपको किसी अतिरिक्त दस्तावेज की आवश्यकता नहीं है। आपको केवल अपने माता-पिता का मतदाता पहचान पत्र नंबर (EPIC Number) बताना होगा।
  • यदि आप 1987 के बाद पैदा हुए हैं और आपका नाम 2003 के बाद सूची में डला है: आपको यह साबित करने के लिए दस्तावेज दिखाने होंगे कि आप भारतीय नागरिक हैं और आपके माता-पिता का नाम 2003 से पहले किसी सूची में था।
Bihar Voter List Revision, Supreme Court, Voter List Revision, What is Voter List Dispute, Aadhar Card, Voter ID, Election Commission, SIR Process, Bihar Voter List,
Bihar Voter List Revision

बीएलओ की भूमिका और महत्वपूर्ण तिथियां

  • बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) अब आपके दरवाजे पर आ रहे हैं। वे 4 नवंबर से 4 दिसंबर के बीच घर-घर जाकर एसआईआर फॉर्म वितरित करेंगे।
  • आपसे भरे हुए फॉर्म एक निर्धारित तिथि पर एकत्र किए जाएंगे।
  • यदि कोई मतदाता फॉर्म जमा नहीं करता है, तो उसके नाम को सूची से हटाया जा सकता है।
  • इस पूरी प्रक्रिया के बाद, अंतिम अद्यतन मतदाता सूची 7 फरवरी, 2026 को प्रकाशित की जाएगी।

एसआईआर एक जन-हितैषी अभियान है जिसका लक्ष्य हर पात्र नागरिक को मताधिकार दिलाना है।

अगर आपका नाम 2003 की सूची में नहीं है, तो यह चिंता का विषय नहीं है।

बस ऊपर बताए गए दस्तावेजों में से कोई एक तैयार रखें और अपने क्षेत्र के बीएलओ के साथ सहयोग करें।

अपने मताधिकार का संरक्षण करें और इस प्रक्रिया में सक्रिय भागीदार बनें।

- Advertisement -spot_img