Muslim youth beaten in Ujjain: उज्जैन से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां महाकाल के दर्शन करने आए एक मुस्लिम युवक को बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने बेरहमी से पीट दिया।
मामला सोमवार रात का है, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
बजरंग दल के कार्यकर्ताओं का कहना है कि मुस्लिम युवक अपनी पहचान छिपाकर उज्जैन के मंदिरों में दर्शन करने पहुंचा था जो कि सरासर गलत है।
पूरा मामला क्या है?
पंजाब के मोहाली से एक युवक और एक युवती महाकाल के दर्शन करने उज्जैन आए थे। युवक का नाम जफर खान है।
खास बात यह थी कि जफर ने पंडितों जैसी वेशभूषा धारण कर रखी थी उसने धोती-कुर्ता पहना था, माथे पर त्रिपुंड (भस्म का तिलक) लगा रखा था और गले में रुद्राक्ष की माला थी।
बजरंग दल को सूचना मिली थी कि नानाखेड़ा इलाके के एक होटल में अलग-अलग धर्म के युवक-युवती रुके हुए हैं।
इसके बाद कार्यकर्ता होटल के बाहर जमा हो गए। जैसे ही युवक बाहर आया, भीड़ ने उसे घेर लिया।

नाम बदलते ही शुरू हुई पिटाई
पूछताछ के दौरान युवक ने पहले अपना नाम हिंदू बताया, लेकिन जब कड़ाई से पूछताछ की और पहचान पत्र मांगा, तो उसने अपना असली नाम ‘जफर खान’ स्वीकार किया।
जफर का कहना था कि वह भगवान शिव का भक्त है और अपनी महिला मित्र के साथ दर्शन करने आया था।
उसने बताया कि वह महाकाल, हरसिद्धि और काल भैरव मंदिर के दर्शन कर चुका है।
लेकिन, जैसे ही उसका असली नाम सामने आया, भीड़ नाराज हो गई।
वीडियो में देखा जा सकता है कि करीब एक दर्जन लोगों ने उसे घेरकर पीटना शुरू कर दिया।
Jafar Khan with tripund on forehead was caught booking a hotel room with a Hindu woman in Ujjain, MP.
He was booking the room using the woman’s identity card.
Initially he claimed “I’m Hindu” but after a few slaps from Bajrang Dal he revealed his real identity. pic.twitter.com/SHXhb3IBah
— Team Hindu United (@TeamHinduUnited) February 17, 2026
पुलिस और होटल का रुख
होटल मैनेजमेंट का कहना है कि कमरा लेते समय पहचान को लेकर कुछ भ्रम था।
बजरंग दल के जिला संयोजक ऋषभ कुशवाह के मुताबिक, युवक ने होटल में भी गलत नाम बताया था।
वहीं, पुलिस जांच में पता चला है कि युवती को पहले से पता था कि जफर दूसरे धर्म का है। वे दोनों पुराने जानकार हैं।
नानाखेड़ा थाना प्रभारी नरेंद्र यादव ने बताया कि दोनों मोहाली के रहने वाले हैं।
पुलिस ने उनके दस्तावेजों और आधार कार्ड को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
फिलहाल, इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब महाकाल मंदिर में गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाने की मांग उठ रही थी।


