Homeन्यूजअमित शाह पर टिप्पणी मामला: राहुल गांधी को लोकसभा सचिवालय का नोटिस,...

अमित शाह पर टिप्पणी मामला: राहुल गांधी को लोकसभा सचिवालय का नोटिस, 28 अगस्त तक मांगा जवाब

और पढ़ें

Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 14 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

Rahul Gandhi Privilege Notice: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ती दिख रही हैं।

संसद सत्र के दौरान गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ की गई विवादित टिप्पणियों को लेकर लोकसभा सचिवालय ने राहुल गांधी को एक औपचारिक नोटिस जारी किया है।

इस नोटिस में राहुल गांधी को 28 अगस्त तक अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया गया है।

जानें क्या है पूरा मामला?

यह पूरा मामला एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा के दौरान का है।

बहस में हिस्सा लेते हुए राहुल गांधी ने तीखे शब्द इस्तेमाल किए थे, जिनमें ‘इडियट’ और ‘अंधभक्त’ जैसे शब्द शामिल थे।

हालांकि, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन की मर्यादा को ध्यान में रखते हुए इन विवादित शब्दों को तुरंत रिकॉर्ड से हटा (एक्सपंज) दिया था।

लेकिन, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसदों ने इस पर कड़ा ऐतराज जताया और इसे संसदीय विशेषाधिकार का सीधा उल्लंघन करार दिया।

सपा और भाजपा के सांसदों ने दर्ज कराई शिकायत

राहुल गांधी की टिप्पणियों को असंसदीय बताते हुए भाजपा के दो प्रमुख सांसदों ने लोकसभा स्पीकर को पत्र लिखकर शिकायत दर्ज कराई थी:

* संजय जायसवाल की शिकायत: 29 जुलाई को भाजपा के चीफ व्हिप संजय जायसवाल ने लोकसभा अध्यक्ष को पत्र लिखा।

उन्होंने कहा कि गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ की गई टिप्पणियां बेहद अपमानजनक हैं।

इससे सदन की गरिमा को ठेस पहुंची है और एक सांसद के तौर पर अमित शाह के अधिकारों का हनन हुआ है।

* अनुराग ठाकुर का विशेषाधिकार हनन नोटिस: इसके अगले दिन यानी 30 जुलाई को सांसद अनुराग ठाकुर ने भी राहुल गांधी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन और सदन की अवमानना का नोटिस दिया।

अनुराग ठाकुर ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने बिना किसी पूर्व सूचना के गृह मंत्री पर गंभीर और निराधार आरोप लगाए हैं, जो कि लोकसभा के नियम 353 का स्पष्ट उल्लंघन है।

क्या हो सकती है संभावित कार्रवाई?

लोकसभा सचिवालय ने राहुल गांधी से 28 अगस्त तक अपना लिखित स्पष्टीकरण देने को कहा है।

यदि राहुल गांधी का जवाब असंतोषजनक पाया जाता है, तो इस मामले को औपचारिक रूप से संसद की विशेषाधिकार समिति के पास भेजा जाएगा।

यदि समिति जांच के बाद राहुल गांधी को विशेषाधिकार हनन का दोषी पाती है, तो लोकसभा के नियमों के तहत निम्नलिखित कार्रवाई की जा सकती है:

* सदन में फटकार: संसद औपचारिक रूप से राहुल गांधी के बयान की निंदा कर सकती है और उन्हें चेतावनी या फटकार लगा सकती है।

* सदन से निलंबन: राहुल गांधी को कुछ दिनों या पूरे सत्र के लिए लोकसभा की कार्यवाही से निलंबित किया जा सकता है।

* सदस्यता रद्द होना: अत्यंत गंभीर मामलों में विशेषाधिकार समिति सांसद की सदस्यता खत्म करने की सिफारिश भी कर सकती है।

फिलहाल, इस मामले में कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है।

विशेषाधिकार समिति राहुल गांधी के जवाब के आधार पर अपनी रिपोर्ट तैयार करेगी और स्पीकर को अपनी सिफारिशें सौंपेगी।

#RahulGandhi #AmitShah #LokSabha #PrivilegeNotice #AnuragThakur #SanjayJaiswal #OmBirla #IndianPolitics #ParliamentNews

- Advertisement -spot_img