Homeएंटरटेनमेंटसुरों की मल्लिका आशा भोसले का निधन: 92 की उम्र में ली...

सुरों की मल्लिका आशा भोसले का निधन: 92 की उम्र में ली आखिरी सांस, जानें कहां होगा अंतिम संस्कार

और पढ़ें

Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 14 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

Asha Bhosle Death: अपनी जादुई आवाज से सात दशकों तक करोड़ों दिलों पर राज करने वाली दिग्गज गायिका आशा भोसले अब हमारे बीच नहीं रहीं।

92 वर्ष की आयु में उन्होंने मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में अंतिम सांस ली।

जैसे ही उनके निधन की खबर बाहर आई, पूरी फिल्म इंडस्ट्री और उनके प्रशंसकों के बीच शोक की लहर दौड़ गई।

हर कोई अपनी पसंदीदा ‘आशा ताई’ को याद कर भावुक है।

अस्पताल में चल रहा था इलाज

बताया जा रहा है कि आशा भोसले को पिछले कुछ दिनों से सीने में संक्रमण (Chest Infection) की शिकायत थी।

तबीयत बिगड़ने पर उन्हें तुरंत मुंबई के मशहूर ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। शुरुआती रिपोर्टों में कहा गया था कि उनकी स्थिति स्थिर है।

उनकी पोती जनाई भोसले ने सोशल मीडिया पर हेल्थ अपडेट भी साझा किया था, जिसमें उन्होंने फैंस से प्रार्थना करने की अपील की थी और बताया था कि डॉक्टर लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनकी सेहत को लेकर चिंता जताई थी और उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की थी।

लेकिन अफसोस, तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।

बेटे आनंद भोसले ने दी जानकारी

आशा जी के निधन की आधिकारिक पुष्टि उनके बेटे आनंद भोसले ने की।

अस्पताल के बाहर मीडिया से बात करते हुए उन्होंने बताया कि उनकी माँ अब इस दुनिया में नहीं हैं।

उन्होंने कहा, “आज हमारे परिवार और संगीत की दुनिया के लिए सबसे काला दिन है। माँ ने आज दम तोड़ दिया।”

आनंद ने यह भी जानकारी दी कि जो लोग उन्हें अंतिम विदाई देना चाहते हैं, वे कल सुबह 11 बजे उनके निवास स्थान पर पहुँच सकते हैं, जहाँ उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा।

शिवाजी पार्क में होगा अंतिम संस्कार

मिली जानकारी के अनुसार, आशा भोसले का अंतिम संस्कार कल, यानी 13 अप्रैल की शाम को किया जाएगा।

उनका अंतिम संस्कार मुंबई के ऐतिहासिक शिवाजी पार्क स्थित श्मशान भूमि में राजकीय सम्मान के साथ होने की उम्मीद है।

इस दुखद घड़ी में बॉलीवुड के तमाम बड़े सितारे, राजनेता और संगीतकार उन्हें अंतिम विदाई देने पहुँचेंगे।

उनके परिवार ने अपील की है कि प्रशंसक शांति बनाए रखें।

शुरुआती करियर और 16,000 गानों का सफर

आशा भोसले का जाना सिर्फ एक गायिका का जाना नहीं है, बल्कि संगीत के एक संस्थान का अंत है।

उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 1948 में फिल्म ‘चुनरिया’ के गाने ‘सावन आया’ से की थी।

उस दौर में जब उनकी बड़ी बहन लता मंगेशकर का दबदबा था, आशा जी ने अपनी एक अलग और वर्सेटाइल पहचान बनाई।

उन्होंने अपने लंबे करियर में करीब 16,000 से ज्यादा गाने गाए।

उनकी आवाज की सबसे बड़ी खूबी यह थी कि वे हर तरह के गाने गा सकती थीं—चाहे वह शास्त्रीय संगीत हो, गजल हो, पॉप हो या फिर कैबरे नंबर।

उन्होंने हिंदी के अलावा मराठी, बंगाली, तमिल, तेलुगु और यहाँ तक कि रूसी जैसी विदेशी भाषाओं में भी अपनी सुरीली आवाज का जादू बिखेरा।

‘दम मारो दम’, ‘पिया तू अब तो आजा’, और ‘इन आँखों की मस्ती’ जैसे गाने आज भी हर पीढ़ी की जुबान पर रहते हैं।

देश-दुनिया में पसरा मातम

आशा भोसले के निधन पर राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और देश के गणमान्य नागरिकों ने शोक व्यक्त किया है।

फैंस का कहना है कि “आशा ताई की आवाज में वो कशिश थी जो हर गम को भुला देती थी।”

आज भले ही वे हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी आवाज हमेशा अमर रहेगी। भारतीय सिनेमा के इतिहास में उनका नाम स्वर्ण अक्षरों से अंकित हैं।

#AshaBhosle #RIPAshaBhosle #AshaBhosleDeath #BollywoodNews #MusicLegend #IndianCinema #BreakingNews #AshaTaiFinalJourney

- Advertisement -spot_img