Weather Update: भारत में इस समय कुदरत के दो अलग-अलग रंग देखने को मिल रहे हैं।
एक तरफ जहां उत्तर और मध्य भारत के लोग भीषण गर्मी और लू (Heatwave) से बेहाल हैं, वहीं दूसरी तरफ पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत में बादलों ने डेरा डाल रखा है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, अगले 70 घंटे देश के कई हिस्सों के लिए काफी चुनौतीपूर्ण रहने वाले हैं।
लगभग 26 राज्यों में बारिश, आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया गया है।

क्यों बदल रहा है मौसम का मिजाज?
वैज्ञानिकों का कहना है कि इस समय पछुआ हवाओं के साथ एक ‘पश्चिमी विक्षोभ’ (Western Disturbance) सक्रिय है।
इसके साथ ही दक्षिण-पश्चिम राजस्थान और पाकिस्तान के सीमावर्ती इलाकों के ऊपर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र (Cyclonic Circulation) बना हुआ है।
इन दो प्रणालियों के आपस में मिलने से मौसम में यह उथल-पुथल मची है।
जहाँ मैदानी इलाकों में गर्म हवाएं चल रही हैं, वहीं नमी के कारण कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश की स्थिति बनी हुई है।

दिल्ली-NCR: कब मिलेगी लू से राहत?
देश की राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम) में फिलहाल सूरज के तेवर तल्ख हैं।
23 से 25 अप्रैल तक दिल्ली में भीषण गर्मी का दौर जारी रहेगा।
कल भी तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार दर्ज किया गया।
राहत की खबर: दिल्ली वालों के लिए अच्छी खबर यह है कि 26 अप्रैल से मौसम करवट बदलेगा।
26 से 29 अप्रैल के बीच आसमान में बादल छाए रहेंगे और हल्की बूंदाबांदी की संभावना है।

इससे तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट आएगी और झुलसाती गर्मी से थोड़ी निजात मिलेगी।
हालांकि, अगले दो दिनों तक लू चलने का खतरा बरकरार है, इसलिए दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है।
उत्तर भारत: पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानों में बारिश
हिमालयी क्षेत्रों में मौसम काफी ठंडा रहने वाला है।
24 और 25 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और गिलगित-बाल्टिस्तान में भारी बारिश और बर्फबारी की संभावना है।
हिमाचल और उत्तराखंड:
हिमाचल प्रदेश में 25 से 28 अप्रैल और उत्तराखंड में 25-26 अप्रैल को तेज हवाओं (30-50 किमी/घंटा) के साथ बारिश हो सकती है।
पंजाब और हरियाणा:
इन राज्यों में 26 से 28 अप्रैल के बीच हल्की बारिश और गरज के साथ छींटे पड़ने की उम्मीद है, जिससे किसानों को थोड़ी चिंता हो सकती है लेकिन आम जनता को गर्मी से सुकून मिलेगा।

पूर्वोत्तर भारत: भारी बारिश का तांडव
पूर्वोत्तर के राज्यों जैसे अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड और मणिपुर में कुदरत का कहर देखने को मिल सकता है।
यहाँ अगले कुछ दिनों तक 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं।
अरुणाचल प्रदेश और असम में 25-26 अप्रैल को ‘भारी से बहुत भारी’ बारिश का अलर्ट है।
बिजली गिरने की घटनाओं को लेकर भी लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है।

पूर्वी भारत: आंधी और बिजली का अलर्ट
पश्चिम बंगाल, सिक्किम, झारखंड और ओडिशा में भी मौसम बिगड़ने वाला है।
23 से 28 अप्रैल के दौरान इन राज्यों के कई हिस्सों में तेज आंधी के साथ बारिश होने की संभावना है।
खास तौर पर गंगा के मैदानी इलाकों वाले पश्चिम बंगाल और बिहार में 24 से 26 अप्रैल के बीच गरज-चमक के साथ तूफान आने की आशंका है।
यहाँ हवा की गति 70 किमी प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।
दक्षिण भारत: ओलावृष्टि की चेतावनी
दक्षिण भारत के राज्यों में भी राहत की बूंदें गिरेंगी। केरल, तेलंगाना और कर्नाटक में 26 अप्रैल तक हल्की बारिश का दौर चलेगा।
हालांकि, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और आंतरिक कर्नाटक के कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि (Hailstorm) की चेतावनी दी गई है।
किसानों को सलाह दी गई है कि वे अपनी तैयार फसलों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दें।

लू (Heatwave) और ‘गर्म रातों’ का संकट
बारिश के अलर्ट के बीच एक डरावनी चेतावनी लू को लेकर भी है। IMD के मुताबिक:
उत्तर प्रदेश और राजस्थान: यहाँ 23 से 26 अप्रैल तक भीषण लू चलने की संभावना है।
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़: मध्य भारत में भी सूरज का पारा चढ़ेगा।
गर्म रातें: दिल्ली, हरियाणा और ओडिशा जैसे राज्यों में ‘वार्म नाइट‘ (Warm Night) की स्थिति रहेगी।
इसका मतलब है कि रात का तापमान भी सामान्य से काफी अधिक रहेगा, जिससे लोगों को रात में भी चैन नहीं मिलेगा।

सावधानियां और सुझाव
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि…
- दोपहर 12 बजे से 4 बजे के बीच सीधे धूप में जाने से बचें।
- पर्याप्त पानी पिएं और हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें।
- आंधी-तूफान के दौरान बिजली के खंभों और पेड़ों के नीचे शरण न लें।
अगले कुछ दिन देश के अलग-अलग हिस्सों में प्रकृति के विविध रूप देखने को मिलेंगे।
जहाँ उत्तर भारत बारिश का इंतज़ार कर रहा है, वहीं पूर्वोत्तर को बाढ़ जैसी स्थिति से बचने की तैयारी करनी होगी।
