Homeन्यूजखाकी बनाम खादी: प्रीतम लोधी के बयानों पर भड़का IPS एसोसिएशन, सिविल...

खाकी बनाम खादी: प्रीतम लोधी के बयानों पर भड़का IPS एसोसिएशन, सिविल सर्विस डे पर उठाई कार्रवाई की मांग

और पढ़ें

Nisha Rai
Nisha Rai
निशा राय, पिछले 14 सालों से मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं। इन्होंने दैनिक भास्कर डिजिटल (M.P.), लाइव हिंदुस्तान डिजिटल (दिल्ली), गृहशोभा-सरिता-मनोहर कहानियां डिजिटल (दिल्ली), बंसल न्यूज (M.P.) जैसे संस्थानों में काम किया है। माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय (भोपाल) से पढ़ाई कर चुकीं निशा की एंटरटेनमेंट और लाइफस्टाइल बीट पर अच्छी पकड़ है। इन्होंने सोशल मीडिया (ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम) पर भी काफी काम किया है। इनके पास ब्रांड प्रमोशन और टीम मैनेजमेंट का काफी अच्छा अनुभव है।

Pritam Lodhi vs IPS Ayush Jakhad: मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में प्रशासन और शासन के बीच तनाव बढ़ता हे जा रहा है।

पिछोर से भाजपा विधायक प्रीतम सिंह लोधी अपने विवादित बयानों के लिए जाने जाते हैं, लेकिन इस बार उन्होंने सीधे एक युवा आईपीएस अधिकारी डॉ. आयुष जाखड़ (SDOP करैरा) को निशाने पर लिया है।

यह विवाद तब और गंभीर हो गया जब आईपीएस एसोसिएशन ने इसे “लोकतांत्रिक मर्यादाओं का उल्लंघन” बताते हुए मोर्चा खोल दिया।

क्या है पूरा विवाद?

इस पूरे हंगामे की जड़ 16 अप्रैल 2026 की एक दुर्घटना है।

विधायक प्रीतम लोधी के बेटे, दिनेश लोधी, अपनी तेज रफ्तार थार गाड़ी से करैरा इलाके में जा रहे थे।

प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस रिपोर्ट के मुताबिक, दिनेश ने लापरवाही से वाहन चलाते हुए पहले एक बाइक पर सवार तीन युवकों को टक्कर मारी और फिर स्कूल जा रही दो छात्राओं को रौंद दिया।

हादसे के बाद इलाके में तनाव फैल गया। पांचों घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया।

शुरुआत में विधायक ने सोशल मीडिया पर खुद को ‘जनता का सेवक’ बताते हुए एक भावुक पोस्ट लिखी।

उन्होंने दावा किया कि उनके लिए परिवार से बढ़कर जनता है और उन्होंने खुद एसपी से कहकर अपने बेटे पर एफआईआर (FIR) दर्ज करवाई है।

लेकिन, जैसे ही पुलिस ने कानून का डंडा चलाया, विधायक के सुर पूरी तरह बदल गए।

थाने में पूछताछ और विधायक की नाराजगी

पुलिस प्रक्रिया के तहत आरोपी दिनेश लोधी को पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया।

एसडीओपी डॉ. आयुष जाखड़ और थाना प्रभारी ने जब गाड़ी की जांच की, तो उसमें अवैध हूटर और शीशों पर काली फिल्म (Black Film) लगी मिली।

पुलिस ने नियमानुसार मोटर व्हीकल एक्ट के तहत चालान काटा और दिनेश को भविष्य में सावधानी बरतने की हिदायत दी।

सूत्रों के अनुसार, पुलिस ने दिनेश से कहा कि वह दोबारा करैरा क्षेत्र में इस तरह की हरकत न करें।

बस, यही बात विधायक प्रीतम लोधी को नागवार गुजरी। उन्हें लगा कि एक ‘नवनियुक्त’ अधिकारी उनके बेटे को उनके ही प्रभाव वाले क्षेत्र में आने से कैसे रोक सकता है।

विधायक के विवादित बोल: “अपनी औकात में रह”

क्रोधित विधायक ने सार्वजनिक रूप से एक बयान जारी किया जो देखते ही देखते वायरल हो गया।

उन्होंने सीधे आईपीएस आयुष जाखड़ को ललकारते हुए कहा, “करैरा तेरे डैडी का नहीं है एसडीओपी। करैरा मेरा बेटा आएगा भी और चुनाव भी लड़ेगा, तेरे डैडी में दम हो तो रोक लेना।”

बंगले में गोबर भरवाने की धमकी

विधायक यहीं नहीं रुके। उन्होंने बेहद अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए धमकी दी कि वह 10 हजार लोगों को ले जाकर एसडीओपी के बंगले को ‘गोबर’ से भरवा देंगे।

उन्होंने अपने पुराने मुक्के की ताकत का जिक्र करते हुए कहा कि अब उनका मुक्का ढाई सौ किलो का हो गया है और वे अधिकारी को चैन से नहीं बैठने देंगे।

विधायक ने पुलिस पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कहा कि अधिकारी केवल वहीं जाते हैं जहां पैसा मिलता है।

सिविल सर्विस डे पर IPS एसोसिएशन का पलटवार

विधायक की इस भाषा ने पूरे प्रदेश के प्रशासनिक अमले को झकझोर दिया।

इत्तेफाक से जिस दिन यह मामला तूल पकड़ रहा था, उस दिन 21 अप्रैल यानी ‘राष्ट्रीय सिविल सेवा दिवस’ था।

मध्य प्रदेश आईपीएस एसोसिएशन ने इस मौके पर एक कड़ा प्रेस नोट जारी किया।

एडीजी स्तर के वरिष्ठ अधिकारी और एसोसिएशन के अध्यक्ष चंचल शेखर ने पत्र में लिखा कि विधायक का व्यवहार न केवल अशोभनीय है, बल्कि यह एक लोक सेवक के मनोबल को तोड़ने वाला है।

 

एसोसिएशन ने कहा कि जब पूरा देश सिविल सेवकों के योगदान का सम्मान कर रहा है, तब एक जनप्रतिनिधि द्वारा एक युवा अधिकारी और उसके परिवार के खिलाफ ऐसी अपमानजनक टिप्पणी करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।

एसोसिएशन ने सरकार से इस मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है।

राजनीतिक गलियारों में उबाल

इस घटना ने विपक्षी दल कांग्रेस को भी भाजपा पर हमला करने का मौका दे दिया है।

Congress District President, Madhya Pradesh Congress, Rahul Gandhi, Jitu Patwari, Organization Creation Campaign, Congress District President, MP Congress News, Rahul Gandhi, Jitu Patwari, Congress News in Hindi, BJP Congress, Political News

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार को घेरते हुए कहा कि सत्ता के नशे में चूर भाजपा विधायक के पुत्र पहले जनता को रौंदते हैं और फिर विधायक खुद पुलिस को धमकाते हैं।

उन्होंने मुख्यमंत्री और गृह मंत्री से सवाल पूछा कि क्या राज्य में कानून का राज है या ‘विधायक राज’?

लोकतंत्र में भाषा की मर्यादा

यह मामला केवल एक दुर्घटना या एक बयान तक सीमित नहीं है।

यह सवाल खड़ा करता है कि क्या जनप्रतिनिधि कानून से ऊपर हैं?

IPS आयुष जाखड़ जैसे अधिकारी जो कानून व्यवस्था बनाए रखने की कोशिश कर रहे हैं, अगर उन्हें सरेआम ‘औकात’ दिखाने और उनके परिवार को घसीटने की धमकियां मिलेंगी, तो प्रशासनिक निष्पक्षता कैसे कायम रहेगी?

विधायक प्रीतम लोधी का अतीत भी विवादों से भरा रहा है, लेकिन एक आईपीएस अधिकारी के विरुद्ध इस स्तर की भाषा ने भाजपा आलाकमान को भी असहज कर दिया है।

अब देखना यह होगा कि क्या सत्ता पक्ष अपने विधायक पर कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई करता है या फिर यह मामला भी वक्त के साथ ठंडे बस्ते में चला जाएगा।

#PritamLodhi #IPSAyushJakhad #ShivpuriNews #MPPolitics #PoliceVsPolitician #LawAndOrder #CivilServicesDay #MadhyaPradeshNews

- Advertisement -spot_img